जब से शामिल हुआ है,एक पन्ना जीवन में,
तब से बेहतर हुआ है, आजादी का ख्याल दिल में।
कभी इसका विरोध, कभी उसका विरोध,
चैन से रहते अगर चाहते श� read more >>
दुनिया गई बदल,
सुबह हुआ और रात गई दल।
इस दुनिया में इंसानियत शायद अब गई मर,
साक्षी के कत्ल के समय सब थे वहां पर सबको लगा डर।
अगर वहां जो � read more >>
अपनी तकलीफों को -
युहीं ...दोस्त
सब के सामने ,उजागर ना करो ।
लोग हाँस -परिहास करेगे।
बडे कारोबारी है , यहाँ दर्द के
जिन्हें तुम समझते हो � read more >>
मैं पूनम मिश्रा वाराणसी शहर में ही रहती हूं यही मेरा ससुराल है और यही पर मेरा मायका है जब भी घर में कोई छोटी मोटी परेशानी होती तो माँ ,पा� read more >>
यह एक सच्चाई है कि जीवन में दुःख और सुख दोनों हैं, और इन दोनों के अनुभव जीवन का हिस्सा हैं। हम सभी जीवन में दुःख और पीड़ा को अनुभव करते है read more >>