दिल तो बच्चा है…🙃(चेतन वर्मा)

दिल तो बच्चा है…🙃(चेतन वर्मा)

दिल का क्या कसूर
जब आप इतने अच्छे हो
नजर का क्या कसूर
जब आप लगते बच्चे हो ..
बच्चे हो तो बच्चों के ही काम कीजिए
बड़ा बनकर आसमान में छेद मत कीजिए
धड़कन को धक धक कर के साज तो बनाएंगे
फिर भी ना माने तो
दिल तो बच्चा है ….🙃
कान पकड़कर फिर से समझाइए …
भरी महफिल में रंग तो जमाइए
कुछ कर ना सको तो डीट ही बन जाइए
भटके दिल को पटरी पर तो लाइए
फिर भी ना समझे तो
दिल तो बच्चा है….🙃
उल्टा लटकाकर फिर से समझाइए …

Chetan Vermaचेतन वर्मा
(बूंदी) राजस्थान

Ravi Kumar

मैं रवि कुमार गुरुग्राम हरियाणा का निवासी हूँ | मैं श्रंगार रस का कवि हूँ | मैं साहित्य लाइव में संपादक के रूप में कार्य कर रहा हूँ |

Visit My Website
View All Articles

I agree to Privacy Policy of Sahity Live & Request to add my profile on Sahity Live.

0

Leave a Reply

Create Account



Log In Your Account