रूठ गया मेरा बाबू – चेतन वर्मा

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रूठ गया मेरा बाबू – चेतन वर्मा

रूठ गया मेरा बाबू 😣
मनाऊं भी तो कैसे
जज्बात अपने दिल❤ के
बताऊं भी तो कैसे
बार-बार कह रहा है दिल मेरा
पास आ जाओ
सिमट जाओ मुझ में
और दिल में समा जाओ
तेरे इंतजार में दिल हो रहा है बेकरार कब से

लड़ो मुझसे झगड़ों मुझसे
पर कभी दूर ना रहना मुझसे
रूठ गया मेरा बाबू 😣
मनाऊं भी तो कैसे

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ना लड़े बिना रहा जाता है
ना बात किए बगेर रहा जाता है
नरम एहसासों की हवा कह रही है
लौट आओ मुस्कुरा के गले लगाओ
ना रूठो मुझसे इतना
मनाना भी नहीं आता
रूठ गया मेरा बाबू 😣
मनाऊं भी तो कैसे

chetan vermaचेतन वर्मा
(बूंदी) राजस्थान

रूठ गया मेरा बाबू – चेतन वर्मा
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