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आज पहली वार

सुजीत कुमार झा 19 Dec 2023 गीत प्यार-महोब्बत 7988 0 Hindi :: हिंदी

सर से पानी पाँव से बुखार, जल्दी से ले चल नदियाँ ओहि पार।दिल के डॉक्टर जोड़ेगे वही दिल से दिल कि तार, पता तो चले जग को किउ हुआ मै बिमार।सर से पानी पाँव से बुखार, जल्दी से ले चल नदियाँ ओहि पार।अब नही रहा मुझे खुद पे ऐतवार, आज हुआ है पहली वार दुनिया से होके दर किनार।किया था छुप छुप के आँखे चार, आज हुआ है पहली वार।मुझे है बुखार तो उसे भी होगा खुमार, दिल कहता है बार बार।सर से पानी पाँव से बुखार, जल्दी से ले चल नदियाँ ओहि पार।संग संग किये थे दुनिया को दर किनार, आज पहली वार।संग मे खड़ी थी, लगता था दिल के अंदर परी थी।आँखो मे गंगा कि धार, कहता था हुआ है प्यार यार आज पहली वार।

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