(मुक्तक छंद)
मौसम आया है जवाँ,मन की आँखें खोल।
तुम भी बन जा अब जवाँ,हद में रहकर बोल।
मधुर मधुर फिर सृजन कर,सबसे कर पहचान_
अपनी सरल पहचान � read more >>
एक समय की बात है, एक छोटे से गांव में एक महाराजा राज करते थे। वे महाराजा बहुत दानशील और भले मनसे थे। उनके राज्य में धर्म, सभ्यता, शिक्षा औ read more >>
मन मेरे तू तो है बावरा...
मन मेरे तू तो है बावरा
जिस पर फिदा होकर बैठा है तू
वो तो है कृष्ण सावरा
क्या कहिए उसके जलवों के
हर वक्त इन नैनों read more >>