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कब तक लड़ोगें कब तक लड़ोगें अपनों से, पूरे दिन पूरे रात सम्मान से जीने के लिए। तरसते रहेंगे लड़ते रहेंगे यूं ही। कभी जवान तो कभी � read more >>
संघर्षों की समर भूमि में, हमसे पूछो हम कैसे हैं, संघर्षों की समर भूमि में, हमसे पूछो हम कैसे हैं, कालचक्र के चक्रव्यूह में, हम भी अभि� read more >>
बिछड़न.........  जब अगले साल यही वक़्त आ रहा होगा...  ये कौन जानता है कौन किस जगह होगा...  तू मेरे सामने बैठा है और मैं सोचता हूँ...  के आते लम्हों � read more >>
मोहब्बत... हसीन सफर है संग तू अगर है, मत पूछ मोहब्बत हमे किस क़दर है... पल पल हर पल बस तेरी फ़िक्र है, जहां भी देखूं बस तेरा जिक्र है... दव� read more >>
*चाहत* *मुझे तुमसे मोहब्बत हो गई है,* *ये दुनिया ख़ूबसूरत हो गई हैं,* *ख़ुदा से रोज तुम को माँगता हूं,* *मेरी चाहत इबादत हो गई है,* *वो चेहरा च read more >>
सुकून... जिसे तुम चाहते हो, वो किसी और का भी हो सकता है, सुकून समझो जिसे, वो कहर भी हो सकता है, अपना समझो जिसे, वो सपना भी हो सकता है, read more >>
फितरत... इन्सान की फितरत है कभी नहीं बदलती है वक्त के साथ लोग बदल जाते है चूहा पत्थर का हो लोग पूजा करते है जिंदा हो तो बिना मारे दम नहीं read more >>
लफ्ज़...  कई बार लफ्ज़ ख़ामोश हो तो आंखे बोलने लगती है, मगर इसका मतलब ये नहीं कि संस्कार हिन हो बड़े बुजुर्गो का सम्मान हो इसलिए कभी आंख� read more >>
पहचान... किसी की अगर सही पहचान करनी हो तो उसके लिए गए अभिवादन से करो कि इन्सान कितना सच्चा ओर संस्कारी है, किसी के सामने झुकने का मतलब ये read more >>
हैसियत... इन्सान को दिखावा उतना ही करना चाहिए जितनी उसकी हैसियत हो दूसरो को देखकर कभी अपना वजूद नहीं खोना चाहिए, दुनिया में बहुत से पर� read more >>
किसी के चले जाने के बाद ना जाने क्यों मन उसे हमेशा खोजता है। यह हमारा मन होता है जो अपने किसी के बहुत दूर चले जाने के बाद उसे खोजता है । म� read more >>
कभी तो मिलेगी, कही तो मिलेगी। तुम्हें तुम्हारी मंजिल बस,मुसाफ़िर चलता जा। सदैव ना निशा रहती, सदैव ना प्रभात रहता। ओ नादान मुसाफ़िर, इस read more >>
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