की यूं तो कई शाम खफा है हमसे,
पर सुबह की चाह पीछे छूट गई है।
देख रही हूं पल पल जिंदगी को,
रंग दिखावे के बिखेरती जा रही है ।
मंजर मेरे धुंध� read more >>
कविता- नव वर्ष तेरा अभिनन्दन!
रचना- जितेन्द्र शर्मा।
तिथी-01/01/2023
नव वर्ष तेरा स्वागत!
तेरा अभिनन्दन!
शान्ति का उद्घोष हो तेरा,
प्रगति क read more >>