अच्छाई के पैर किनारा नहीं पाते,।मगर,
सदैव अमृत तक पहुँच जाते हैं,,।।
वक़्त के आगे भला किसका पहरा है,।
जो जिय, गया, मुस्कान के साथ,।मगर,
उस read more >>
हम वहां मिलेंगे......
जहां ना जाति बंधन होगा,
ऊंच- नीच का क्रंदन होगा,
होगी सब खुशहाली वहां पे,
सांपों से मुक्त चन्दन होगा।
हम वहां मिलेंग� read more >>