ऐ मेरे श्याम किसी को गरीबी ना दे। मौत दे दे मगर बद नसीबी ना दे । बद नसीबी में मां सीता चुराई गई। तीन पाणी अलग-अलग हो गए ऐ। मेरे श्याम किसी read more >>
ऐ मेरे श्याम किसी को गरीबी ना दे। मौत दे दे मगर बद नसीबी ना दे । बद नसीबी में मां सीता चुराई गई। तीन पाणी अलग-अलग हो गए ऐ। मेरे श्याम किसी read more >>
गुजरे उस शाम की तलाश ना थी
जब सिर पापा की गोद में था
हमे लोगो की उम्मीद की चाह ना थी
जब एक उम्मीद पापा की थी
किसी के रूठने से फर्क ही ना � read more >>
तमाम उलझनों को समेटे हम, चल दिए उस रह पर
जिसमे ना आगे मंजिल थी, ना रास्ता और ना तू
यू तो, खुद के अंजाम से रूबरू थे हम
पर कमबख्त, इस दिल को क read more >>
हर पल तेरी याद आती है ,
आंखों में वो नमी लाती है
कुछ तो समझ तुझे भी आता होगा ,
क्योंकि ये बेकरारी तुझे भी सताती है
यू ही नही नारियल , गुल� read more >>