लड़की :-
दिल में ए कैसी है तरास
निगाहें को तेरी है तलाश
हो तुम कहां
आ जाओ
तुम से बिछड़ के
मैं इक जिन्दा लाश
आज इन वादियों , फिजाओं को
हैं ते read more >>
सरफिरा व्यक्ति हूँ मैं, रोज़ बिछड़ता हूँ... 2
इनसे मिलता हूँ, कभी मैं उनसे मिलता हूँ,
लौट आता हूँ घर मैं सोने को ही बस,
हेतु सोने को मैं अ� read more >>
हमारा मिजाज़ अक्सर लोगो को पसंद नहीं आता.....
अब उन्हें क्या बताये हम अपने बारे में,
जनाब! हम तो बैगन की सब्ज़ी से है जो सबको कहाँ भाति है 😌 read more >>
विचित्र नगर भाग 2
फिर मैंने अपनी साइकिल उन पेड़ों के नीचे खड़ी कर दी बार-बार मन में उमंग आ रही थी मन हो रहा था कि इस पेड़ की कुछ पत्ते तो� read more >>
// मेरा दिल चुराके ले गई...........
वो सफेद कपड़े वाली ,
वो नीली बैग वाली
मेरा दिल चुरा के ले गई ,
वो लड़की भोली-भाली...!!
रोज आकर चली जाती ,
रोज मि� read more >>