Join Us:
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक 20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें
की मेरे शब्दों में बस जिक्र तेरा..🥺.... बस मेरी डाट मे है, फिक्र तेरा✨....... तू है, तो हैं मुझमें जान ........ क्योंकि मेरे दिल मे है दिल तेरा.❤️..... � read more >>
(दोहा छंद) सारी सीमा तोड़कर, खुद पर है विश्वाश। हरदम जीवन जंग है,होने मत दूं नाश।। सारी सीमा तोड़कर,करना है नव काम। जिसमें भला समाज का, read more >>
(दोहा छंद) खुद पे हो विश्वास जब,जीने में तब रंग। सारी सीमा तोड़कर, जीत यहां सब जंग।। सारी सीमा तोड़कर,पर्वत के उस पार। प्रेम रंग में ली read more >>
(दोहा छंद) प्रेम रंग में लीन हैं,खुशियाँ लिए हजार। सारी सीमा तोड़कर, पर्वत के उस पार।। सारी सीमा तोड़कर,किया सरल व्यापार। जो था पूंजी read more >>
चलती हैं आंधियां तो आशियाने उजड़ जाते हैं चमन के खिलखिलाते हुए फूल उखड़ जाते हैं । अब तो सियासत भी आंधियों से कम नहीं लगती आ जाए मुआशर� read more >>
इन बरसते हुए बादलों को शायद मेरी सब खबर है मेरे घर की खिड़की से गुजरती! हुई हवाएं ! और बारिश की बूंदे कहा ठहरती हैं! शायद इन हवाओं को ख read more >>
आजकल न जाने क्यों ! उस गली से गुजरने का जी नहीं करता है! सुना है! उन्हें मेरी नाम से भी नफरत है! आजकल हवाओं को भी पता है! मेरी बात से दुख� read more >>
जब हम अपने जीवन के बहुत कठिन दौर से गुजर रहे होते हैं अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए संघर्ष कर रहे होते हैं तभी हमें अपनी राह पर हर द� read more >>
"सिर्फ-तुम" "मैं कोशिश करता हूँ,तुमको खुद से अलग रखने की,पर इस मसरूफ़ियत भरी जिंदगी मे,एक वक्त ऐसा भी आता है,जिस वक्त सिर्फ-तुम याद आती हो read more >>
"किरदार" "किरदार को मत देखिए,इंसान को देखिऐ, मजबूरियाँ इंसान को किरदार में बदल देती है" #Mukesh Namdev read more >>
न जाने दिल को यकीन है कि तुम मेरे थे! हो !और रहोगे मैंने इस बात को अपने दिल को समझाने में बरसों लगा दिए पर आज 1 मिनट में ही तुमने यह बात � read more >>
जीवन के संघर्ष ने मुझको जब-जब लाकर राह में छोड़ा मैंने अपने इस संघर्ष की गाथा को अपने शब्दों के भाव से चाहा! जो ना मिला राहों में उसका � read more >>
🌹मुझे सपनों से♥️ नहीं अपनों से🌹🌹🌹🌹 ✍️🙏🌹 लगाव है वरना सपने तो 🌹🌹❤️ कब के पूरे 💯♥️ 🌹कर चुके होते 🙏✍️🙏 ज्योति यादव के कलम से � read more >>
"निगाह टिकी है मंज़िल पर, जज़्बा है-दम है-अपने पर",,, "वक्त-वक्त को बदलते देखा मंज़िल अपने वजूद देखा"....!!!! -मोती read more >>
"उदासी कारण-भला है क्या, अकारण-ज़िंदगी मिला क्या",,, "जीवन-ख़ुदा का इनायत है, उठो बढ़ो-ख़ुदा मेहरबान है"....!!!! -मोती read more >>
"संसार सागर में देह एक कश्ती, माया की धारा में बहती यह कश्ती",,, "साहिल को खेवनहार बिन कश्ती, गुरु की पतवार साहिल को कश्ती"....!!!! -मोती read more >>
जिंदगी मुझको रुलाया ना कर मेरे गम के करीब आया ना कर। अंधेरा चीर गया है मेरे दिल को जले चिरागों को बुझाया ना कर। मुफलिसी मे जो तुम्हे� read more >>
"मानव तन में क्यों रोना है, चौरासी काट कर आया है",,, "माया तोड़ निकल जाना है, मोक्ष पद पंकज पाना है"....!!!! -मोती read more >>
जब से तुमको देखा जैसे हो जीवन रेखा कितने और भुलावे लेकर पहुंच गए हैं शशिरेखा। करुण कर्ण कि मूक परीक्षा देने से क्या होगा मेरे तुममें read more >>
(दोहा छंद) पानी पानी हो रहा, मौसम है बरसात। सावन भी अब जोर में, हुई सुहानी रात।। पानी पानी हो रहा,भले लोग जो आज। निर्लज खाया लाज को,करता read more >>
तुम कही बुला न सके हम कहीं आ ना सके भावनाओं से भरी भीड़ थी जिसको स्वयं से मिटा ना सके। कदम लेखनी बनकर चलते गए आशा और इच्छा पनपते गये। � read more >>
(दोहा छंद) अच्छा तथा खराब भी, खुशियों में कचनार। पानी पानी हो रहा,शहर गांव सब यार।। पानी पानी हो रहा,मानवता का मोल। मौका रहे तलाश में,� read more >>
(दोहा छंद) मौका रहे तलाश में,दुर्जन हैं विष घोल। पानी पानी हो रहा,मानवता का मोल।। पानी पानी हो रहा,रहे निर्लोभ शांत। लोभी को बरसात मे read more >>
(दोहा छंद) दिन दिन बढ़ता जा रहा, लोगों में अब लोभ। लेना चाहे पर माल को,जो है मनु पर चोभ।। दिन दिन बढ़ता जा रहा,दुनियां में अपराध। जैसे ज� read more >>
Join Us: