दिल की बस्ती मे ले के आयें हैं,
चाँद मुठ्ठी मे ले के आयें हैं,
झूठ तुम को लगे तो तुम जानो,
हम तो सच्ची मे ले के आयें हैं,
कोई दुल्हन हो जैसे read more >>
पिता की भावनायें
माँ को गले लगाते हो, कुछ पल मेरे भी पास रहो !
’पापा याद बहुत आते हो’ कुछ ऐसा भी मुझे कहो !
मैनेँ भी मन मे जज़्बातोँ क� read more >>
झलक तेरे दीदार की दीवाना बना गई, कुछ होश ना रहा बेगाना बना गई, देखी है जब से तेरी सूरत,
तेरा दर का पागल बना गई।
तेरी छवि मेरे दिल को चुरा ग� read more >>