आसमां में छाया बादल हैं,
काली काली घटा,
धूप का ना साया हैं,
चल रही हैं ठंडी- ठंडी हवा,
कितना मस्त नजारा हैं,
नन्हीं -नन्हीं बूंदें आई,
कित read more >>
वो याद है ना जब बचपन में हम नाराज होते थे मां से,
तब उस नाराजगी और मां के मानने का एक अलग ही बात होती थी,
रूठते हम थे तो चप्पल मां की निकल � read more >>