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शब्द – नेहा श्रीवास्तव

कुछ लिखुं तो बहुत कुछ कह जाते है मेरे शब्द .
जिसे समझ मे आजाये उसे गहरा दे जाते है मेरे शब्द.
हालात बुरे हुए तो मैने अपना शहर छोड़ दिया,
आँखो मे नमी हो तो कोरे कागज पर उतर जाते है मेरे शब्द.
हर मोड पर मैने खुद को अकेला पाया,
तन्हाई मे बहुत काम आये मेरे शब्द.
जिसकी जैसी जरुरत थी मुझे आजमाया
सबके चेहरे से नकाब गिराये मेरे शब्द.
सफर मुश्किल था और अंजाना भी
बहुत सिद्दत से साथ निभाये मेरे शब्द.

Neha Srivastavaनेहा श्रीवास्तव
उत्तर प्रदेश (बलिया)

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Neha Srivastava

Neha Srivastava

मैं नेहा श्रीवास्तव बलिया उत्तरप्रदेश की निवासी हूँ। मैं श्रृंगार रस की कवित्री हूँ। मैंने B.ED Science में शैक्षणिक योग्यता प्राप्त की है। मैंने साहित्य लाइव रंगमंच 2018 (राष्ट्रीय स्तर पर हिंदी प्रतियोगिता) में द्वितीय स्थान प्राप्त किया है।

1 thought on “शब्द – नेहा श्रीवास्तव”

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