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शराब-आनन्द मिलन

आज के कलयुग में अगर अमृत के समान दूसरा कोई चीज है तो वह है शराब जिसके बूंद बूंद में वो मस्ती है कि पीने वाले ही बताए | मैंने पीया तो नहीं, लेकिन सुना जरुर है कि सात फेरे लेने के बाद भी पत्नी छोड़ कर जा सकती है | चाँद तारों की कसम खाने के बाद भी प्रेमिका छोड़ कर जा सकती है | मगर एक शराब ही वह चीज है जिसे एक बार गले के नीचे उतार तो, फिर जिन्दगी भर साथ निभाता है | एक मीठा – मीठा सा दर्द जगता है सीने में तो, न जाने दिल को अजीब सा सकून मिलाता है | इन्सान जब ज्यादा खुश होता है तो शराब पिता है, और दुःख में गम भुलाने के लिए तो पुराना दोस्त है ही | किसी शायर ने कहा भी है कि ‘जो ना पीये शराब उसे सजा दीजिए’ | दुनिया में तीन जगह ऐसी है जहां जाने से दिल को सबसे ज्यदा ठण्डक और शांति मिलती है | एक जगह मंदिर दूसरा श्मसान घाट और तीसरा जगह मयखाना | शराब पीने और पीलाने की शुरुआत या आदत दोस्तों के बीच से ही शुरू होता है | एक कवि का जिगरी दोस्त बीमार हो गया तो, उसने बीमार दोस्त के पास जाकर कहा कि ‘मैंने तुम्हारे सेहत के लिए शराब खानों में पी है, मैंने तुम्हारे सेहत के लिए घर में पी है, मैंने तुम्हारे सेहत के लिए मंदिर- महजिद में पी है, मैंने तुम्हारी सेहत के लिए इतनी बार पी है कि पीते पीते अपना ही सेहत खराब कर लिया है

 

 

  Anand Milanआनन्द मिलन

सिंहवाड़ा, दरभंगा

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Anand Milan

Anand Milan

मैं आनंद मिलन मुंबई से, मैं हास्य कवि और शायर हूँ। मैं फिल्म राईटर एशोसिऐशन और नव भारत टाइम्स रंगमंच क्लब का सदस्य हूँ। मुझे देश के विभिन्न शहरों में आयोजित "कवि सम्मलेन और साहित्य सम्मलेन" में जाने का अवसर मिला है। जहाँ मैंने अपनी टूटी-फूटी हास्य कविता, शेरों-शायरी और अपने विचारों से तालियाँ खूब बटोरी हैं मेरे लिखे गीतों का एल्बम बाजार तथा you tube पर उपलब्ध है। मेरे दवारा लिखी ई-बुक "ख्वाब ऐ मिलन" Amazon, instamojo और pothi.com पर online उपलब्ध है। इसे आप साहित्य लाइव से भी डाउनलोड कर सकते है। इस ई-बुक में शेरों - शायरी, गजल, कविता, और व्यंग्य और आलेख समाहित है। मेरी लिखी रचनाएँ देश के विभिन्न पत्र -पत्रिकाओं में समय-समय पर छपती रहती है। वर्तमान समय में साहित्य लाइव में सम्पादक के रूप में कार्यरत हूँ।

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