sonu 30 Mar 2023 कविताएँ प्यार-महोब्बत https://www.sahity.com/hindi-kavitaye/usako-khoobasooratee-sepyaar-aur-menladaka-jara-saaaanvala 103274 0 Hindi :: हिंदी
घर से निकले तो कुछ लोग मिले कोई गली मिली एक शहर मिला बुझा हुआ उनसे मिले तो ये अहसास हुआ सब लोग अंदर से मरे हुए शहर मिला बुझा हुआ जहा लोग रखते थे चेहरे पर हसीं पर चेहरे पर चेहरा रखते थे मुसकान थी हर चेहरों पर हाथो में खंजर रखते थे घर से निकले तो कुछ लोग मिले कोई गली मिली एक शहर मिला बुझा हुआ एक महबूबा मिली और प्यार मिला जिन्दगी में एक यार मिला सोता था तो सपनो में यार आता था जागता था तो हर बार याद आता था जिन्दगी जैसे जन्नत लगने लगी जिंदगी पर इतना प्यार आता था फिर आंख खुली किसी के साथ देखा उसको जिन्दगी फीकी लगी आसुओं से सेका खुदको घर से निकले तो कुछ लोग मिले कोई गली मिली एक शहर मिला बुझा हुआ एक दोस्त मिला सौ लोग मिले दोस्त में ऐसा अपनापन मिला ना खून मिला ना जात मिली बाते करते तो दिल मिल जाता था घर से निकले तो कुछ लोग मिले कोई गली मिली एक शहर मिला बुझा हुआ sonu&sunny###