ADARSHPANDEY 30 Mar 2023 शायरी समाजिक #writeradarshpandey #shayri #bestshayri #writeradarshpandeykishayri #googleshyari 58175 0 Hindi :: हिंदी
शहद के ज़िद मे ,जहर हो गया हूँ समंदर के ख़्वाब मे नहर हो गया हूँ तमाशा पे तमाशा होता रहा जिंदगी का अब मै जिंदगी से पुरा बेघर हो गया हूँ लेखक आदर्श पाण्डेय