Ajay kumar suraj 28 Aug 2026 ग़ज़ल प्यार-महोब्बत #राखी #रक्षाबंधन #प्रेम #भाई_बहन राखी के इस प्यार में कुछ यादें आती तो हैं, 461 0 Hindi :: हिंदी
🌸 रक्षाबंधन विशेष — भाई-बहन का प्रीति गीत 🌸 राखी के इस प्यार में कुछ यादें आती तो हैं, भाई-बहन के बीच की ये दूरियाँ मिटाती तो हैं। बचपन की वो गलियाँ, वो गुड़िया और खिलौने, छोटी-छोटी बातों पर रूठना फिर मनाना। माँ की वो डाँटों में छुपा प्यार याद आता, भैया की उँगली थामे वो बचपन लौट आता। राखी के इस धागे में कितनी आस होती है, बहना की हर दुआ में भैया की साँस होती है। माथे पर जब बहना प्यार से तिलक लगाती तो है, सूनी आँखों में भी खुशियों की लहर आती तो है। बहना तो घर की रौनक, आँगन की मुस्कान है, भैया के लिए बहना बचपन की पहचान है। दूर भले हों राहें, दिल दूर नहीं होते, रिश्ते सच्चे हों तो मौसम मजबूर नहीं होते। कलाई पर बँधी राखी केवल धागा नहीं है, इसमें बहना की दुनिया, भैया का वादा सही है। आँखों में प्रेम लेकर बहना मुस्कुराती तो है, भाई की कलाई पर खुशियाँ बाँध जाती तो है। कल तक जो साथ खेले, आज दूर जा रहे हैं, बचपन के वो सुनहरे पल याद आ रहे हैं। विदा हुई जो बहना, आँगन उदास होता, भैया के दिल में उसका हर पल निवास होता। ईश्वर से बस यही एक दुआ माँगती है बहना, हर जन्म में मिले ऐसा ही प्यारा भाई कहना। रिश्तों की ये डोर कभी टूटने न पाए, राखी का ये पर्व हर साल प्रेम बरसाए। राखी के इस प्यार में कुछ यादें आती तो हैं, भाई-बहन के बीच की ये दूरियाँ मिटाती तो हैं। कलाई पर राखी हो और आँखों में हो पानी, इससे बढ़कर दुनिया में क्या होगी प्रेम-कहानी। @अजय कुमार सूरज