माँ की दवाई का खर्चा,
उसे मज़बूरी लगता है
उसे सिगरेट का धुंआ,
जरुरी लगता है ||
फिजूल में रबड़ता ,
दोस्तों के साथ इधर-उधर
बगल के कमरे में, � read more >>
आओ किसी का यूँही इंतजार करते हैं..!
चाय बनाकर फिर कोई बात करते हैं..!!
उम्र पचास के पार हो गई हमारी..!
बुढ़ापे का इस्तक़बाल करते है..!!
कौन आएग� read more >>
करेंगे आप से हम बात लेकिन लब न खोलेंगे,
सुनेंगे आप जो दिल से तो हम भी दिल से बोलेंगे,
ये कैसे मान ले हम मे नही बाक़ी बचे हो तुम,
बरामद तुम read more >>
ध्वनि:- चिट्ठी ना कोई संदेश
देकर मुझे ऐसा गम, तन्हा रह गये हैं हम।
दिल मेरा तोड चले..............................2
जीने की खाई कसम, साथ देगें हरदम।
मगर मुख read more >>