यकीन करा दिया है ने मुझे, विश्वास की राह पर
धुप में भी मुस्कान समेटी है, विश्वास की राह पर।
हर गम को बाँट दिया है, आशा की किरणों से
दिल म� read more >>
हम भी कभी दर्जी रहे किसी ज़माने में ,
इंच_ इंच नापते थे पैमाने में ,
हो गए बूढ़े आज तक आदत न गई पुरानी ___
हम आज भी इंच_ इंच नापते हैं बैठ कर म read more >>