[email protected]
Join Us:
Home
Category
कहानियाँ
कविताएँ
ग़ज़ल
गीत
शायरी
आलेख
महत्वपूर्ण सूचनाएँ
Topic
धार्मिक
राजनितिक
प्यार-महोब्बत
हास्य-व्यंग
बाल-साहित्य
समाजिक
देश-प्रेम
दुःखद
साहित्य लाइव सूचनाएँ
अन्य
Videos
Others
Search Articles
Latest Updates
Popular Articles
Testimonials
Video Tutorials
Winner List
How to publish articles
My Account
Login
Register New Account
Forgot Password
Login
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक
20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका
साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस
साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें
शायरी
Home
Category
शायरी
जन्मदिन मुबारक हो नंदकिशोर
गैया को चराते हो, फिर माखन चुराते हो, मटकी देते हो फोड़, सब को देने वाले , बांटने वाले मित्रों के लिए बनते हैं चोर, भरते हैं पेट उनका, चल�
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
जो लोग मेरी खुशी में कसम खाए थे साथ देने का आज बही लोग मेरे बर्बादी का जिम्मेदार है।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
झूठ बोलकर दुनियां सवारने बालों मरने के बाद जन्नत हासिल कैसे करोगे,क्योंकि झूठ बोल कर दुनियां सवर सकती है जन्नत नही।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
जितना हमदर्दी पैसों से है लोगों को उतना हमदर्दी इंसानों से हो जाती तो खुदा जन्नत के सिवा जहन्नुम न बनाई होती।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
या खुदा तुमने जन्नत किस लिए बनाई है यहां तो जहन्नामी ही भरे हुए है,क्योंकि मोहब्बत देने वाला जो भी मिला वो वफा छीन लेता है।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
बहुत शौख चढ़ा हुआ था अपनी मोहब्बत को दुआओं में मांगने का,लेकिन आज उसी मोहब्बत को बद्दुआ देने लगा हूं।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
मौत से छुपकर कहाँ तक भागोगे क्योंकि मौत वहां भी आ जायेगी जहां तुम्हारी सोंच नही जा सकती है।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
दोस्त रूठ कर जा रहे हो लेकिन मेरी मैयत पर झूठी आँसू बहाने मत आना नही तो लोग मेरी मोहब्बत को ताना मरेंगे झूठी मोहब्बत का।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
तुम ग्रेट हो खुदा मालूम था इंसान सिर्फ नफरत के सिवा मोहब्बत नही दे सकता इसलिए हमने उसके स्वागत के लिए जहन्नुम बनाई।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
आज भी हम अकेले है कल भी अकेले रहेंगे क्या फर्क पड़ता है,क्योंकि लोग सिर्फ बद्दुआओं में याद करते है लेकिन दुआओं में नही।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
बहुत जालिम दुनिया है शाहब क्योंकि यहां लोग गरीबों से ही नफरत करते है,लेकिन तुम आमिर बनो ये कोई नही चाहता है।
read more >>
Writer by Iqrar Ali, मोहब्बत शायरी दिल तोड़
आज अपने गमों में हम ही मातम माना रहे है लेकिन कल मेरी ऊंचाई देख कर लोग हैरत से मेरी खुशी की मातम मनाएंगे।
read more >>
« Previous
Next »
Showing
3889
to
3900
of
5272
results
‹
1
2
...
322
323
324
325
326
327
328
...
439
440
›
Join Us:
© 2026 |
Sahity Live
®
| All Right Reserved.
A product of
DishaLive™ Group
| Digital Partner:
MyDL.in Website Builder