//...तस्वीर…//
एक आईना ,
जो जैसा दिखता
वैसा ही ,
तस्वीर बनाता सबकी…!
मगर ,
जब टूट जाता है
तब ,
नहीं बना पाता
खुद अपनी….!
चिन्ता नेताम &rd read more >>
विकाश के नाम पर विनाश की ओर
बढ़ रहा मनुष्य है |
प्रकृति के नियमों को अनदेखा कर,
बढ़ रहा मनुष्य है |
विनाश को विकाश समझकर,
बढ़ रहा मनुष्य है |
� read more >>
समय होता है बलवान,
समय के आगे बेवस है इंसान ,
समय निरंतर चलता जाता है |
बिता हुआ सुनहरा पल इंसान को याद आता है ,
बीते हुए सुनहरे पल को इंसा� read more >>
दरिद्रता सूचकांक:
लोकसभा में पेश आंकड़ों के मुताबिक, छत्तीसगढ़-राज्य में 10,198 भिखारी हैं, जो राज्य में नौकरी से ज्यादा पैदा हो रहे हैं और � read more >>
अंदरूनी आवाज को अपनी ताकत बना दे, सिर्फ शब्दों से नहीं इस ताकत से कुछ करके दिखा दे, जमाना तो सिर्फ ठोकर ही देता है, पर तू उस ठोकर से खुद का read more >>