मत बनाओ मुझे अपने फुरसत के लम्हों का खिलौना
जब हम टूटते है तो किसी को आवाज भी नही आती है
कोई आके अगर पूछे तो हमे आह भी नही आती है
किस को � read more >>
मेरी शादी के करीब बन 4 साल हो गए हैं और मैं एक खुशहाल जीवन व्यतीत कर रही थी मेरी एक छोटी सी नन्ही परी भी है जो अभी 2 महीने की है मैं और राघव उ read more >>
संसार में समस्त-
कर्म की पूर्ति के पांच कारण...
जब मानव,
दिव्य भाव प्राप्त कर लेता है...
तब वह पूर्णता को-
अनुभव करने लगता है,
वह जानने य� read more >>
धरती-
में हवा का चलना,,
संसार का-
स्वंय में गतिशील होना,,
इस शरीर में एक-
एक श्वांस का आना-जान,,
क्या यह ही-
वह शक्ति है जिसे लोग,,
भगवान- read more >>
कुछ इस कदर जख्मों का सिलसिला शुरू हुआ है,
एक के बाद एक नए रूप में दस्तक दे रहा है।
सारे सपने रेत की महल की तरह बिखर गए,
दिल में एक आह सी कस� read more >>