Join Us:
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक 20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें
वक्त की मार ने होशियार कर दिया। इंसान था बेकार तैयार कर दिया। तूफान में भी लौ को जलाए रखें। यूं ही दीपक को बरकरार कर दिया। खौफ नही read more >>
मूँह छुपा कर गया है अँधेरा, मेरे दिल ने जो माँगा मिल गया, मैंने जो कुछ भी चाहा मिल गया। हो गई प्यार की हर तमन्ना- तमन्न read more >>
मूँह छुपा कर गया है अँधेरा, मेरे दिल ने जो माँगा मिल गया, मैंने जो कुछ भी चाहा मिल गया। हो गई प्यार की हर तमन्ना- तमन्न read more >>
सर्व मंगल मांगल्ए आदिपुराण, कुंठित निकृष्ट परेशान। मानसिकता विचलित होती, संगम विचारों में नव जावक नौजवान। जब आदिमानव रह� read more >>
सुनयन सुकाकुल नगर रूप भवन, चारों और व्याप्त सनसनाती खामोशी। वन-वनिकाएं वृंद वृंदनाएं वृंदावन, साबरमती के झूले फूल उपवन। read more >>
कुदरती कीर्ति वैभव माहिती, नाना प्रकार रूपी शोभित संपदा। जगत नाथ धाम से अंबरनाथ तक, पहुंचे भक्तों की अपार भीड़। लो� read more >>
तुझ सा नादान कोई सारे जमाने में नहीं इल्म ना थी तुझे, ना ही कोई अंतर्ज्ञान। तूं समझता रहा बहुत कुछ, पर थी हकिकत कुछ भी नहीं। जब मैं ने ग� read more >>
अरे इस जमाने का क्या कहना? चेहरों पर चेहरें हैं, सच्चाई अभी भी घोड़ अंधेरे में ही है। अजब तेरी फितरत, गजब तेरी रहनुमा है। बोलना कुछ है, read more >>
तुझ सा नादान कोई सारे जमाने में नहीं, इल्म ना थी तुझे, ना ही कोई अंतर्ज्ञान। तूं समझता रहा बहुत कुछ, पर थी हकिकत कुछ भी नहीं। जब मैं ने ग read more >>
आज व्यक्ति और समाज दु:ख के घनघोर अंधेरों में है । कहीं दु:ष्कर्म है तो कहीं लूटपाट है । कहीं हिंसा है तो कहीं मान _अपमान है । कहीं जात _ प read more >>
जिंदगी की इस भाग दौड़ भरी जिंदगी में , हम बहुत दूर निकल आए हैं , कुछ रिश्तो को निभाते ,निभाते, मैं थक चुकी हूं शायद मैंने इन रिश्तो को, स read more >>
तुम्हें अपनी जिम्मेदारियों से! कब फुर्सत मुझे अपनी जिंदगी की परेशानियां ,एवं गम ,से कब फुर्सत कभी सोचते मिलने जाऊं , तुम्हें ,फिर सो read more >>
Join Us: