वह मुझको देखती है,
अखियों के झरोखों से...
जुबा खामोश रहती है,
उसकी नजरें बस बोलती है।
वह मुझको देखती है,
अखियों के झरोखों से...
मुझको ही य� read more >>
आंधी सा आया वो दिन, जब बारिश गिराई रात को, ना जाने कहाँ से आये वो, हमारी बेदर्दी को दर्द देने। साये में छिपा हुआ दरिंदा, निगाहों में बसी न� read more >>