Girjesh Choudhary 30 Mar 2023 कविताएँ धार्मिक Shayri,gazal,shandar shayri,Prem, kavita 43482 0 Hindi :: हिंदी
कभी कोई दूसरा दिखा ही नहीं ऐसा चश्मा कभी लगा ही नहीं प्रेम का तेल प्रेम की बाती दिया जो जला फिर बुझा ही नहीं इसको प्यारी हैं बस यादों की टेहनी मन का पन्छी कही और बैठता ही नहीं
I am a screenplay writer. Guest faculty of CRAFT film school delhi....