सपने दिखाकर हमको !
नींदो पे डाका डाला !!
बातों की देके रोटी !
खा गए हमारी बोटी !!
देखी है इनकी रहमत !
ऐसी है इनकी ख़िदमत !!
लूट रही है देखो !
ब� read more >>
ज़मीन पर यह चलते हैं !
आसमानी बातें करते हैं !!
अल्फाज़ो में रखते दम हैं !
बेशक नंग हैं !!
देश की शान हैं !
चाहे कितने ही बदनाम हैं !!
खुद्दा read more >>
आज सुबह मैं अपने पापा के साथ बाज़ार से लौट कर आ रहा था कि तभी एक आदमी ने पास में आकर बाइक रोकी और पापा के पैरों पर गिर पड़ा-
-दद्दा राम राम।
-� read more >>