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जब हम दूर चले जायेंगे, नहीं होंगे आपके पास, आपको होगा तब एहसास, कि हममें भी था कुछ खास। याद आने से हमारी, जान जायेगी तुम्हारी, बातें � read more >>
मेरी गहराई ना समझे समंदर कोई, रहे हालात से मजबूर ना मुकद्दर कोई। सामने से ही चले मिट गए पिछले साये, बुझा ले आग सीने की ना हो बंदिश कोई। � read more >>
मोहब्बत पे यकीन तो मुझे भी था, पर धोखा देकर तूने यकीन ही तोड़ दिया। read more >>
परिंदों के संग उड़ने की ख्वाहिश थी हमें, पर हम खुद को ही गिरा बैठे। परायों को अपना बनाने की ख्वाहिश थी हमें, पर हम अपनो को ही पराया बना ब read more >>
मेरे अंतर का सुख मेरा दुख कैसे! जीवन के अनमोल बिंदु से, मैं विचलित कैसे! संशय और समाधान में, बिखरा जीवन पल पल, समय अगर रुक जाए तो, ना सोच� read more >>
खता हमारी बस इतनी की हमनें , सत्य को सत्य और झूठ को झूठ कहा । विफर गये नजाने कितने ही मेरेअपने, की आखिर किस बिनाह पर मैंने ये सबकुछ कहा ।� read more >>
क्या शातिराना जबाब तेरा बेवफाई को हालत बना दिया मैं आज भी बही बैठा हूँ काश मिल जाये फिर से साथ तेरा नदिया तो बहती बहती रहेगी आँखों � read more >>
नहीं चुभता है,क ईबार बेगाने से, चलो हम डूब गए, किसी बहाने से। संग था,अपनापन था, जिन्दगी आसान थी, घिरे मझधार में ,नही बुलाने से। चलें जिस भ read more >>
सोचा था, आसमां से बरसात होगी। अपनी जिन्दगी, उनके साथ होगी। सुना था, चाह दिल में हो तो, फरिश्ते उतर आयेंगे। रेगिस्तान में भी मोती ब� read more >>
गुमसुम से बैठे हो, ये चेहरे पे उदासी क्यों? हँसने - खिलने वाले चेहरे पे, ये दर्द भरी खामोशी क्यों? डाली से पत्ता टूटता है, यूँ नाचकर ज� read more >>
एक सफेद धोती को लपेटे हुए जिसकी सफेदी क्षीण हो चुकी थी ऊपर का तन नंगा ही छोड़ दिया एक दंड को हाथ में थामे हुए चल रहा था डगमगाते हुए उस read more >>
फ़टे मटमले कपड़े उनके, तन का वस्त्र भी है ना इनके दिन-रात का ना ठिकाना, ठीक से हो ना खाना-पाना बच्चे के लिए वो अड़ जाता, रिक्शे पे जिंदगी सड़ ज read more >>
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