अंजली कुमारी 03 Jun 2024 कविताएँ दुःखद मोबाइल 30895 0 Hindi :: हिंदी
कहां गई वो परिवारों की बातें कहां गई वो रिश्तेदारों के रिश्ते-नाते, बड़े कहां अब वैसा इज्जत पाते वो दिन कहां जब बच्चे पेड़ के पीछे छिपते जाते। कहां गई वो ममता की बातें लोरी गाकर अब कौन सुलाते, कौन अब चंदा मामा को बुलाते प्यार से अब कौन खाना खिलाते। मोबाइल सभी को अपना बनाते इंसानों से उन्हें दूर भगाते, दुनिया से भी दूर ले जाते बच्चे को गलत राह दिखाते। पढ़ाई-लिखाई छोड़ बच्चे इनमें खो जाते बच्चे मैदान समझ इसके छक्के छुड़ाते, शिष्य इनको बड़ा विद्यमान बताते मोबाइल सभी को अपने चपेट में ले जाते।।