[email protected]
Join Us:
Home
Category
कहानियाँ
कविताएँ
ग़ज़ल
गीत
शायरी
आलेख
महत्वपूर्ण सूचनाएँ
Topic
धार्मिक
राजनितिक
प्यार-महोब्बत
हास्य-व्यंग
बाल-साहित्य
समाजिक
देश-प्रेम
दुःखद
साहित्य लाइव सूचनाएँ
अन्य
Videos
Others
Search Articles
Latest Updates
Popular Articles
Testimonials
Video Tutorials
Winner List
How to publish articles
My Account
Login
Register New Account
Forgot Password
Login
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक
20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका
साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस
साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें
समाजिक
Home
Sub-Categories
समाजिक
एक नारी की शक्ति-दूसरों को खुश रखती हैं
छोटी सी परी बन गई बड़ी, संभाला घर बेटी बनकर, पहुंची जब ससुराल, जिम्मेदारी आई हजार, बहू बनकर संभाला परिवार, सिमट जाती है सबका काम करने म�
read more >>
चलो अब संभला जाए-बहुत लड़खड़ा गए
दिन बदल गए घंटे बदल गए मौसम बदल गए ऐसे में चलो खुद को बदला जाए बहुत लड़खड़ा गए चलो अब संभला जाए
read more >>
आसमान में काले बादल छाए हैं
सरगम सा वादियां झूम रहा है, सारे जीव कुतूहल सा देख रहा है। हवा भी मदहोशी लिए बह रही है, कली_फूल सभी गुनगुना रहा है। आसमान में काले बाद�
read more >>
आने वाला पल- अच्छा ही आएगा
आने वाला पल अच्छा ही आएगा, सपना सब पूर्ण कर जायेगा। जो भी शिकवा है, सब ही दूर कर जायेगा। दिलों पर छाई सारी गंदी साया, अपने आप ही दूर हो �
read more >>
हमें अभिमान है-अपने वतन पर
हमें अभिमान है अपने वतन पर, हमें अभिमान है अपने वतनप्रस्ति पर। हमें अभिमान है अपने संस्कृति पर, हमें अभिमान है अपने गौरवशाली इतिहास �
read more >>
आरज़ू से कामयाबी-खुशियों को जीवन में लाते चलें
जब मन में हो आरज़ू, तो आरज़ू का ऊर्जा साथ रहे। जिससे हर पथ हम चलते चलें, खुशियों को जीवन में लाते चलें। हर मुश्किल आसान लगने लगे, आगे �
read more >>
पानी ही पानी छा गई चारों तरफ
जब नहीं आ रही थी बरसात, तब तो बहुत ही इंतजार था। जब आ गई अपने रूप में, होने लगी घमासान वारिश। पानी ही पानी छा गई चारों तरफ, लोग_बाग सब तर
read more >>
दिल में जगमग प्यार है- सभी लोग हैं शान
(दोहा छंद) पंकज सम मेरे नयन, लब पर है मुस्कान। दिल में जगमग प्यार है, सभी लोग हैं शान।। (स्वरचित मौलिक) संदीप कुमार सिंह✍🏼 जिला:_समस्तीप
read more >>
शुचिता मन में जो रखें-कहते लोग महान
(दोहा छंद) शुचिता मन में जो रखें, कहते लोग महान। ऐसे जन करते भला,सुरभित करे जहान।। (स्वरचित मौलिक) संदीप कुमार सिंह✍🏼 जिला:_समस्तीपुर(�
read more >>
सुनकर मेरे शेर को-दे ताली सब लोग
(दोहा छंद) सुनकर मेरे शेर को, दे ताली सब लोग। हसी खुशी में झूमते,कानों से कर भोग।। (स्वरचित मौलिक) संदीप कुमार सिंह✍🏼 जिला:_समस्तीपुर(द�
read more >>
अड़चन बिन जिन्दगी नहीं-करें सामना आप
(दोहा छंद) अड़चन बिन जिदगी नहीं, करें सामना आप। कामयाब होंगें सदा, मिले नहीं संताप।। (स्वरचित मौलिक) संदीप कुमार सिंह✍🏼 जिला:_समस्तीप�
read more >>
सदा लक्ष्य हो प्रगति का-रखता हूं मैं ध्यान
(दोहा छंद) सदा लक्ष्य हो प्रगति का,रखता हूं मैं ध्यान। करता अथक प्रयास मैं, बढ़ता मेरा ज्ञान।। (स्वरचित मौलिक) संदीप कुमार सिंह✍🏼 जिल�
read more >>
« Previous
Next »
Showing
1981
to
1992
of
5649
results
‹
1
2
...
163
164
165
166
167
168
169
...
470
471
›
Join Us:
© 2026 |
Sahity Live
®
| All Right Reserved.
A product of
DishaLive™ Group
| Digital Partner:
MyDL.in Website Builder