Ranjana sharma 25 Jul 2023 कविताएँ दुःखद ए खुदा तू मुझको बस इतना बता#Google# 38974 0 Hindi :: हिंदी
ए खुदा तू मुझको बस इतना बता
तेरी मर्जी है क्या
क्या तुझको मुझ पे रहम आती नहीं है क्या
किस दौर से गुजर रही हूं मैं
ए कौन सा मंजर है जिंदगी का
किस जाल में उलझते जा रही हूं मैं
इससे आजादी कब मिलेगी ए बता
आंखों से आंसू देख कहीं सूख ना जाए
तेरे पास होने का एहसास देख कहीं टूट ना जाए
अब बस कर तू अपना कहर
इतनी भी क्या बेरुखी
देख मेरा हाल हुआ है क्या
दर्द देकर तू क्या थका नहीं अभी तक
इस दर्द का सिलसिला कब खत्म होगा ए बता
कांच की तरह टूट कर मेरा दिल बिखर ना जाए
तुझपे जो इतना यंकी है मुझे, कहीं छूट ना जाए
अब बस कर तू और कितना लेगा इंतहा मेरा
देख हमारी मुलाकात की अंतिम घड़ी आ गई है क्या
धन्यवाद