Ranjana sharma 06 Oct 2023 कविताएँ दुःखद क्यों होता है दिल में इतना दर्द मुझको#Google# 28038 0 Hindi :: हिंदी
क्यों होता है दिल में
इतना दर्द मुझको
हमने तो वफा निभाया
तुमने क्यों दे दी
सजा हमी को
हर घड़ी ,हर लम्हा
बस तेरा ही था इंतज़ार मुझको
तूने तो दे दिया
जिंदगी भर का जख्म हमको
ऐसी भी क्या बेरुखी थी
सजा दे दिया जुदाई का हमको
हमसे गर प्यार नहीं था
तो कह देते ,तुमने तो
दिल पर चोट दे दिया हमको
जो बिताया था कभी तेरे संग
याद आती है वो पल मुझको
दिल में हुक सी उठ जाती है
जब सीने से लगाने का मन करता है तुझको
तेरे लिए मैंने खुद को भुला दिया
जो मेरे बस में ना थी वो भी किया
फिर क्यों ऐसे ठुकरा दिया मुझको
ना जाने तू कब समझेगा
कि तेरे लिए कितना रोती हूं मैं
अंदर से तोड़ दिया मुझको
विरहा के आग में जलने के
लिए छोड़ दिया मुझको
काश! तेरा भी दिल
मेरे लिए धड़कता
तू भी उतना बेचैन हो उठता
बिन देख मेरा हाल
जितना हो जाता है तुझको
धन्यवाद