Ranjana sharma 21 Jun 2024 कविताएँ प्यार-महोब्बत # Love Poetry ||Hindi love Kavita# 39371 0 Hindi :: हिंदी
मेरे दिल में हलचल सी मची है
किसी की तलाश में
मैं पागल सी खड़ी हूं
जानूं ना मैं उसे फिर भी क्यों
उसकी छवि मेरे आंखों में बसी है
मेरे दिल ................है
वो कोई सपना है या फिर ख्वाब
ए भी ना जानूं मैं
पर फिर भी दिल उसी के लिए धड़कता है
Thanks