मैं, हर उस शख़्स को, नमन करता हूं।
उस बेटे को, जो बुढ़ापे में, मां-बाप से बतलाता है।
उस भाई को, जो भाई को, भाई कहकर बुलाता है।
उस पति को, जो प� read more >>
//...मन का पंछी...//
दिल का भोला,
तन का छोटा
रंगत इसका ,
तितली जैसा है...!
कभी यहां ,
फुदकता रहता
कभी यहां ,
से उड़ जाता है...!
जहां मिला है ,
दान� read more >>