चक्कर है साहब, पड़ ही जाता है।
राई का बन जाता पहाड़, गढ़ी बन जाता है गढ़।
पाठा का नाटा बन जाता, पहाड़ का बने कंकड़।
मकड़ी फंसती मकड़ -जाल, read more >>
सपनों में खोई सपना की नींद टूटती तो हड़बड़ा कर बिस्तर से उठ उसकी नज़र घड़ी पर जाती अरे ! सुबह की 8:00 बज गई।आज तो ऑफिस का पहला दिन है और पहला read more >>