Join Us:
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक 20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें
सुकु की चाहत मे, हर कोई भटकता है जब की खुशीयाँ, कही और नही,आस- पास ही रेहता है ✍✍❤❤✍✍👌👌💯💯 read more >>
मेरा रफ़्तार देख ये मत सझना की मैं हार गया मैं आंधी हूँ आसानी से थमता नहीं दरखतों के दरख्त उखाड़ देता हूँ मेरे राश्ते में कभी मत आना � read more >>
ज्योति और राजेश की शादीशुदा जीवन अच्छे से बीत रही थी, पर राजेश की मां को ज्योति फूटी आंख नहीं भाती थी। वह बात - बात पे ज्योति को नीचा दिखा read more >>
मैंने, पहाड़ों को मुस्कुराते देखा है,। मैंने ,लोगों को बेवजह कतराते देखा है,। कितने अदभुत है ,अपने आप मैं ये ,पहाड़, मैंने पहाड़ के लोगो� read more >>
जीने के तौर-तरीके मिलने से, अज़िय्यत नही मिला करते हैं। दो चेहरे एक से मिलने से, नियत नही मिला करते हैं। सिलसिला-ए-ज़माने में मशहूर हु read more >>
इस मौत को बहुत करीब से देखा है , मैंने,। न ही यह मुस्कुराती हैं,न ही यह किसी को गले लगाती है, न ही यह किसी read more >>
मुनासिब नहीं मेरा किसी पर भी बरस जाना,। मैं उस पगडंडी पर ,बिना धाप किए चल रही हूं, जहां एक कांटा कुरेदता है , मेरी कदमों के तलवे को,मगर को read more >>
कविता -रोटी की महक महकते रोटी का मंज़र,अजीब होता है मगर कहां ये सबको नसीब होता है इस कस्तूरी के चक्कर में घूमती है दुनिया कोई बड़ा नस� read more >>
** वर्षा ऋतु ** वर्षा की ऋतु आ गई है काली बदरी छा गई है ।। ठंडी ठंडी हवा बह रही सबके मन को लुभा रही है।। अपने पानी की बूंदों से प्यास धरा read more >>
जिंदगी की राह में समय के साथ जख्म मेरे भर गए अब लौटकर मेरा हाल पूछने ना आना जब जख्म के निशान भी मेरे ना रहे समय के साथ कुछ बदलाव भी जर read more >>
आपने अक्सर देखा होगा कि हम हर वर्ष के एक ना एक दिन को किसी दिवस के रूप है अवश्य में मनाते हैं. इस बार हम सभी आठवें अंतरराष्ट्रीय योगा दिव� read more >>
कविता-दो घूंट चाय चाय पर बैठ कर चुस्कियां ले ले कर मीठी मीठी बातों में खो कर भूल पाता अपनी पुरानी बातें कि ताजा कर देती थी मन को चाय � read more >>
Join Us: